Monday, 17 June 2019

रंग राजस्थानी

ईसरा परमेसरा हरि रस 

राजा उग्रसेन नुं आप्यो तु राज,किधौ जदुवंस तणो सिध काज।
किता वर पांडव ऊपर कीध,लाखाग्रह हूंत उगारिय लीध।।45।।
कवि अर्थावे है क
          कृष्णावतार में आपने कंस का राज्य उग्रसेन को देकर यदुवंश का कार्य सिद्ध किया। पांडवों पर आपने कितने ही उपकार किये । उनको लाखागृह से बचाया ।
सवाई सिंह महिया

No comments:

Post a comment